
चंबा। जिले के प्राइमरी व मिडल स्कूलों में खाली पड़े शिक्षकों के पद जल्द भरे जाएंगे। इसके लिए लगभग सारी औपचारिकताएं पूरी हो चुकी हैं। टीजीटी पद के लिए साक्षात्कार हो चुका है। इसके अलावा जेबीटी पदों के लिए भी काउंसलिंग हो चुकी है। जेबीटी का मामला कोर्ट में चला गया है। कोर्ट के फैसले के बाद शिक्षकों की स्कूलों में नियुक्ति कर दी जाएगी। सबसे पहले जिले के जिन स्कूलों में एक भी स्थायी अध्यापक नहीं है, विभाग की ओर से उन स्कूलों में शिक्षकों की तैनाती की जाएगी। इसके बाद जिन प्राइमरी स्कूलों में एक-एक शिक्षक तैनात हैं, वहां पर शिक्षकों की तैनाती प्राथमिकता के आधार पर की जाएगी। गौर रहे कि जिला चंबा में जेबीटी के 191 पद भरे जाएंगे। इसके लिए 25 नवंबर से लेकर 29 नवंबर तक जेबीटी प्रशिक्षुओं की प्रारंभिक शिक्षा उपनिदेशक कार्यालय में काउंसलिंग हुई है। काउंसलिंग में कुल 298 के करीब अभ्यर्थी अपीयर हुए हैं। इनमें सामान्य वर्ग के 102, आईआरडीपी सामान्य वर्ग के 34, ओबीसी के 29, ओबीसी आईआडीपी वर्ग के 5 अभ्यर्थी काउंसलिंग में पहुंचे थे। इसके अलावा अनुसूचित जाति वर्ग के 56, आईआरडीपी अनुसूचित जाति के 10, अनुसूचित जनजाति के 49 और आईआरडीपी अनुसूचित जनजाति वर्ग के कुल आठ अभ्यर्थी काउंसलिंग में अपीयर हुए हैं। इनमें से 191 अभ्यर्थियों की टेट मेरिट के आधार पर नियुक्ति की जाएगी। उधर, प्रारंभिक शिक्षा उपनिदेशक सुरेंद्र सिंह पठानिया ने बताया कि जिन स्कूलों में एक भी स्थायी अध्यापक नहीं है, वहां प्राथमिकता के आधार पर शिक्षकों की नियुक्ति की जाएगी। इसके बाद जिन स्कूलों में एक-एक अध्यापक सेवाएं दे रहे हैं, वहां पर नए जेबीटी शिक्षक ों को भेजा जाएगा। टीजीटी की नियुक्ति भी इसी आधार पर होगी।
